Close Menu
KorbanChanlKorbanChanl
  • होम
  • देश – विदेश
  • छत्तीसगढ़
  • कोरबा
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य

Subscribe to Updates

Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

What's Hot

एमजेएम हॉस्पिटल, कोरबा की बड़ी सफलता : 2.5 किलो तक का विशाल ट्यूमर सुरक्षित ऑपरेशन से निकाला

26.04.2026

भाजपा का आरोप: कांग्रेस ने रोका महिलाओं का हक, उजागर हुई संकीर्ण मानसिकता

26.04.2026

भारत सरकार के मिशन कर्मयोगी – साधना सप्ताह में SECL को राष्ट्रीय स्तर पर टॉप 10 में स्थान

26.04.2026
Facebook X (Twitter) Instagram
Monday, May 11
KorbanChanlKorbanChanl
Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
  • होम
  • देश – विदेश
  • छत्तीसगढ़
  • कोरबा
  • उद्योग
  • खेल
  • मनोरंजन
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
KorbanChanlKorbanChanl
Home»अन्य»ग्रामोद्योग विभाग का बजट 2026-27 : कुटीर उद्योग, बुनकरों और शिल्पियों के सशक्तिकरण पर सरकार का फोकस.
अन्य

ग्रामोद्योग विभाग का बजट 2026-27 : कुटीर उद्योग, बुनकरों और शिल्पियों के सशक्तिकरण पर सरकार का फोकस.

satysanwad2023@gmail.comBy satysanwad2023@gmail.com13.03.2026No Comments5 Mins Read
Share Facebook WhatsApp Twitter Telegram
Follow Us
Facebook X (Twitter) Instagram WhatsApp
Share
Facebook Twitter Telegram WhatsApp

रायपुर, 13 मार्च 2026/ ग्रामोद्योग मंत्री श्री गजेंद्र यादव से संबंधित ग्रामोद्योग विभाग के लिए वर्ष 2026-27 हेतु 228 करोड़ 84 लाख 90 हजार रूपए की अनुदान मांगों को आज विधानसभा में पारित किया गया। उन्होंने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की गारंटी तथा विकसित भारत की संकल्पना के अनुरूप प्रदेश सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।

मंत्री श्री यादव ने कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रदेश के पारंपरिक बुनकरों, शिल्पियों और कुटीर उद्योगों को प्रोत्साहन देकर ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर सृजित करना तथा परंपरागत कला एवं संस्कृति का संरक्षण प्रदान करना है।

ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार को बढ़ावा

श्री यादव ने बताया कि रेशम, हाथकरघा, हस्तशिल्प विकास बोर्ड, खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड तथा माटीकला बोर्ड के माध्यम से प्रदेश के ग्रामीण अंचलों में विभिन्न हितग्राही मूलक योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं के माध्यम से लगभग 3 लाख 15 हजार 350 लोगों को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप स रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है।

रेशम प्रभाग

ग्रामोद्योग मंत्री ने बताया कि प्रदेश में टसर रेशम के उत्पादन एवं विस्तार को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 2026-27 में नैसर्गिक एवं पालित टसर कोसा उत्पादन विकास योजना के अंतर्गत 59 करोड़ 82 लाख का प्रावधान किया गया है। इस योजना के माध्यम से राज्य में 21 करोड़ 59 हजार टसर ककून उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है। मलबरी रेशम विकास एवं विस्तार को प्रोत्साहन देने के लिए मलबरी रेशम विस्तार कार्यक्रम एवं उत्प्रेरण विकास योजना के तहत 4 करोड़ 25 लाख का प्रावधान रखा गया है। इसके साथ ही प्रशिक्षण एवं अनुसंधान योजना के अंतर्गत वर्ष 2026-27 में 76 लाख का बजट रखा गया है, जिसके माध्यम से 1450 हितग्राहियों को आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाएगा।

हाथकरघा प्रभाग

प्रदेश के बुनकरों को प्रशिक्षण, उन्नत करघों की उपलब्धता, कर्मशाला भवन, गोदाम निर्माण तथा डिज़ाइन विकास जैसे कार्यों के लिए समग्र हाथकरघा विकास योजना के तहत वर्ष 2025-26 में फरवरी 2026 तक 5 करोड़ 3 लाख 54 हजार की राशि स्वीकृत कर 1206 बुनकरों को लाभान्वित किया गया। वर्ष 2026-27 के बजट में इसके लिए 5 करोड़ 60 लाख का प्रावधान किया गया है।

बुनकर वर्कशेड-सह-आवास योजना

मंत्री श्री यादव ने बताया कि आवासहीन बुनकरों को आवास उपलब्ध कराने के लिए बुनकर वर्कशेड-सह-आवास योजना के अंतर्गत वर्ष 2025-26 में फरवरी 2026 तक 4 करोड़ 90 लाख की राशि स्वीकृत कर 196 बुनकरों को लाभान्वित किया गया है। वर्ष 2026-27 के लिए भी 4 करोड़ 90 लाख का प्रावधान रखा गया है। इसके अतिरिक्त शासकीय वस्त्र प्रदाय के माध्यम से 335 बुनकर समितियों के 47 हजार 640 बुनकरों को रोजगार मिल रहा है। वहीं गणवेश वस्त्रों की सिलाई से 1921 महिला स्व-सहायता समूहों की 23 हजार 052 महिलाओं को अतिरिक्त रोजगार उपलब्ध हो रहा है।

छत्तीसगढ़ खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड

ग्रामोद्योग मंत्री ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में कुटीर उद्योगों के माध्यम से रोजगार सृजन के लिए छत्तीसगढ़ खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है। मुख्यमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत वर्ष 2024-25 में 502 इकाइयों को 11 करोड़ 3 लाख की परियोजना स्वीकृति दी गई, जिसमें से 3 करोड़ 67 लाख 81 हजार की अनुदान सहायता प्रदान की गई। वर्ष 2026-27 में परिवार आधारित इकाइयों की स्थापना के लिए 8 करोड़ का बजट प्रावधान किया गया है।

छत्तीसगढ़ हस्तशिल्प विकास बोर्ड

मंत्री श्री यादव ने बताया कि प्रदेश के पारंपरिक शिल्प जैसे बेलमेटल, लौह शिल्प, बांस शिल्प, काष्ठ शिल्प, पत्थर शिल्प, गोदना शिल्प, भित्ती चित्र, तुम्बा शिल्प, टेराकोटा शिल्प, कालीन शिल्प एवं एम्ब्रॉयडरी को प्रोत्साहन देने के लिए हस्तशिल्प विकास बोर्ड कार्य कर रहे हैं। शिल्पियों को प्रशिक्षण, उन्नत उपकरण एवं मशीनरी उपलब्ध कराने के लिए वर्ष 2026-27 में 3 करोड़ 90 लाख का प्रावधान किया गया है।

पी.एम. एकता मॉल

श्री यादव ने बताया कि प्रदेश की पारंपरिक कला एवं संस्कृति पर आधारित उत्पादों तथा “वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट” के विपणन को बढ़ावा देने के लिए रायपुर में पी.एम. एकता मॉल की स्थापना की गई है। इसके लिए वर्ष 2026-27 में 93 करोड़ का बजट प्रावधान किया गया है।

छत्तीसगढ़ माटीकला बोर्ड

ग्रामोद्योग मंत्री श्री यादव ने बताया कि प्रदेश के कुम्हारों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से माटीकला बोर्ड द्वारा पंजीकृत शिल्पियों को निःशुल्क विद्युत चाक उपलब्ध कराए जा रहे हैं। अब तक 9464 विद्युत चाकों का वितरण किया जा चुका है। वर्ष 2026-27 में इसके लिए 3 करोड़ का बजट प्रावधान किया गया है।

ग्लेजिंग यूनिट

उन्होंन बताया कि माटी शिल्प उत्पादों में मूल्य संवर्धन के लिए राज्य में 5 ग्लेजिंग यूनिट संचालित की जा रही हैं। इसके संचालन तथा जिला जशपुर के ग्राम गोरिया, विकासखंड कुनकुरी में नई ग्लेजिंग यूनिट की स्थापना के लिए वर्ष 2026-27 में 4 करोड़ 30 लाख का प्रावधान किया गया है।

ग्रामीण उद्योगों से रोजगार और संस्कृति का संरक्षण

मंत्री श्री गजेंद्र यादव ने विश्वास व्यक्त किया कि ग्रामोद्योग विभाग प्रदेश के पारंपरिक कुटीर उद्योगों, शिल्पकलाओं तथा ग्रामीण रोजगार और स्व-रोजगार को सुदृढ़ करते हुए न केवल स्थानीय स्तर पर आजीविका के अवसर बढ़ाएगा, बल्कि राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और संवर्धन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा

satysanwad2023@gmail.com
satysanwad2023@gmail.com
Share. Facebook Twitter Telegram WhatsApp
satysanwad2023@gmail.com
  • Website

Related Posts

एमजेएम हॉस्पिटल, कोरबा की बड़ी सफलता : 2.5 किलो तक का विशाल ट्यूमर सुरक्षित ऑपरेशन से निकाला

26.04.2026

भाजपा का आरोप: कांग्रेस ने रोका महिलाओं का हक, उजागर हुई संकीर्ण मानसिकता

26.04.2026

भारत सरकार के मिशन कर्मयोगी – साधना सप्ताह में SECL को राष्ट्रीय स्तर पर टॉप 10 में स्थान

26.04.2026

Comments are closed.

मुख्य खबरें

एमजेएम हॉस्पिटल, कोरबा की बड़ी सफलता : 2.5 किलो तक का विशाल ट्यूमर सुरक्षित ऑपरेशन से निकाला

Korbanchal News26.04.2026

कोरबा। शहर के उभरते और भरोसेमंद स्वास्थ्य केंद्र एमजेएम हॉस्पिटल ने एक बार फिर अपनी…

भाजपा का आरोप: कांग्रेस ने रोका महिलाओं का हक, उजागर हुई संकीर्ण मानसिकता

26.04.2026

भारत सरकार के मिशन कर्मयोगी – साधना सप्ताह में SECL को राष्ट्रीय स्तर पर टॉप 10 में स्थान

26.04.2026

बालको ने फायर सर्विस सप्ताह के माध्यम से अग्नि सुरक्षा जागरूकता को दिया बढ़ावा

26.04.2026
Stay In Touch
  • Facebook
  • Twitter
  • Instagram
  • YouTube
  • WhatsApp
हमारे बारे में
हमारे बारे में

Korbanchal News is a fast-growing digital news platform dedicated to delivering accurate, timely, and unbiased news from Korba, Chhattisgarh, and across India. We focus on local updates, breaking news, politics, industry, and public interest stories to keep our readers informed and aware.
We're accepting new partnerships right now.

Name: उमेश मकवाना
Mobile: +91 9827938156
Email Us: korbanchal2026@gmail.com

Facebook X (Twitter) YouTube WhatsApp
पेज
  • Homepage
  • Privacy Policy
  • About Us
  • Disclaimer
  • Term and Conditions
पोस्ट कैलेंडर
May 2026
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031
« Apr    
© 2026 कोरबांचल. Designed by Nimble Technology.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.